गठिया का उपचार कैसे चुना जाता है?
उपचार गठिया के प्रकार और व्यक्ति की स्थिति पर निर्भर करता है। ऑस्टियोआर्थ्राइटिस, रुमेटॉइड आर्थ्राइटिस, सोरियाटिक आर्थ्राइटिस और गाउट का उपचार एक जैसा नहीं होता। लक्ष्य दर्द कम करना, जहाँ ज़रूरी हो सूजन नियंत्रित करना, जोड़ का कामकाज बनाए रखना और आगे होने वाला नुकसान रोकना है। डॉक्टर दवा, व्यायाम, फिजियोथेरेपी या कुछ स्थितियों में सर्जरी पर विचार कर सकते हैं।
गठिया में उपयोग की जाने वाली दवाएँ
दवा का चुनाव बीमारी, दूसरी स्वास्थ्य स्थितियों और संभावित जोखिमों को देखकर किया जाता है:
- दर्द निवारक:
- उपयोग: दर्द कम करने के लिए; ये आमतौर पर सूजनकारी रोग की प्रगति नहीं रोकते।
- उदाहरण: पैरासिटामोल या एसिटामिनोफ़ेन कुछ लोगों के लिए विकल्प हो सकता है।
- कब: डॉक्टर ऑस्टियोआर्थ्राइटिस में व्यक्ति की स्थिति के अनुसार इसकी उपयुक्तता तय करते हैं।
- गैर-स्टेरॉयडल सूजनरोधी दवाएँ:
- उपयोग: दर्द और सूजन में राहत देने के लिए।
- उदाहरण: आइबुप्रोफ़ेन, नेप्रोक्सेन और सेलेकोक्सिब; कुछ दवाएँ जेल के रूप में भी उपलब्ध हैं।
- कब: जोड़ और बीमारी के प्रकार के अनुसार डॉक्टर इन्हें सुझा सकते हैं।
- सावधानी: पेट, गुर्दे और हृदय से जुड़े जोखिम हो सकते हैं; दूसरी दवाओं के साथ उपयोग पर चिकित्सकीय सलाह लें।
- कॉर्टिकोस्टेरॉयड:
- उपयोग: कुछ स्थितियों में सूजन को जल्दी कम करने के लिए।
- उदाहरण: प्रेडनिसोन जैसी गोली या किसी जोड़ में दिया जाने वाला इंजेक्शन।
- कब: बीमारी के प्रकार और तीव्रता के अनुसार विशेषज्ञ निर्णय लेते हैं।
- सावधानी: बार-बार या लंबे उपयोग से रक्त शर्करा, हड्डियों और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का जोखिम बढ़ सकता है।
- रोग की प्रगति बदलने वाली दवाएँ:
- उपयोग: डीएमएआरडी दवाएँ रुमेटॉइड या सोरियाटिक आर्थ्राइटिस जैसी सूजनकारी बीमारियों की गतिविधि कम करने और जोड़ को नुकसान से बचाने में मदद करती हैं।
- उदाहरण: मेथोट्रेक्सेट, हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन और सल्फ़ासालाज़ीन।
- कब: डॉक्टर बीमारी और जाँच के अनुसार दवा तथा निगरानी की योजना तय करते हैं।
- जैविक और अन्य लक्षित दवाएँ:
- उपयोग: ये प्रतिरक्षा तंत्र की विशिष्ट सूजनकारी प्रक्रियाओं पर काम करती हैं।
- उदाहरण: अडालिमुमैब, एटानेरसेप्ट और इन्फ़्लिक्सिमैब।
- कब: कुछ सूजनकारी गठिया रोगों में, प्रारंभिक उपचार से पर्याप्त लाभ न होने या अन्य नैदानिक कारणों पर, विशेषज्ञ इनका उपयोग तय करते हैं।
- सावधानी: संक्रमण सहित जोखिमों तथा ज़रूरी जाँचों पर डॉक्टर से बात करें।
सर्जरी के विकल्प
जब दवाओं, व्यायाम और दूसरे उपायों से पर्याप्त राहत न मिले तथा दर्द या जोड़ की क्षति दैनिक जीवन को बहुत प्रभावित करे, तब विशेषज्ञ सर्जरी पर विचार कर सकते हैं। हर गठिया रोगी को सर्जरी की ज़रूरत नहीं होती।
- जोड़ की मरम्मत या सूजी परत हटाना: कुछ चुनी हुई स्थितियों में डॉक्टर आर्थ्रोस्कोपी या जोड़ की सूजी भीतरी परत हटाने पर विचार करते हैं। किस व्यक्ति में लाभ होगा, यह बीमारी और जोड़ की स्थिति पर निर्भर करता है।
- जोड़ बदलने की सर्जरी: बहुत प्रभावित जोड़ की जगह कृत्रिम जोड़ लगाया जा सकता है। घुटने और कूल्हे के जोड़ आम उदाहरण हैं; दूसरे जोड़ों के लिए भी अलग विकल्प हो सकते हैं। कई लोगों को दर्द और चलने-फिरने में सुधार होता है, लेकिन परिणाम और जोखिम व्यक्ति के अनुसार बदलते हैं।
- जोड़ स्थिर करने की सर्जरी: कुछ छोटे या बहुत प्रभावित जोड़ों में हड्डियों को स्थायी रूप से जोड़कर दर्द कम करने का प्रयास किया जाता है। इससे उस जोड़ की गति घटती या समाप्त होती है; लाभ और सीमाएँ सर्जन से समझें।
चिकित्सकीय जानकारी संबंधी सूचना
चिकित्सकीय अस्वीकरण: यह लेख सामान्य शैक्षिक जानकारी है, व्यक्तिगत चिकित्सा सलाह नहीं। डीएमएआरडी, जैविक दवा और स्टेरॉयड के लाभ तथा जोखिम विशेषज्ञ की देखरेख में आँकें। सर्जरी का निर्णय योग्य ऑर्थोपेडिक सर्जन से अपनी स्थिति, विकल्पों, संभावित लाभ और जोखिम पर चर्चा के बाद लें। डॉक्टर की सलाह के बिना दवा शुरू, बदल या बंद न करें।
जोड़ बदलने के बाद स्वस्थ होने की प्रक्रिया
घुटने या कूल्हे का जोड़ बदलने के बाद स्वस्थ होने का समय हर व्यक्ति में अलग होता है। अस्पताल में रहने की अवधि, सहारे से चलने की ज़रूरत, फिजियोथेरेपी और सामान्य गतिविधियों में वापसी सर्जरी के प्रकार तथा स्वास्थ्य पर निर्भर करती है। कई लोगों को शुरुआत में वॉकर या बैसाखी की ज़रूरत होती है। सर्जन और फिजियोथेरेपिस्ट बताते हैं कि कितना भार डालना सुरक्षित है, कौन-से अभ्यास करने हैं और गतिविधियाँ कब बढ़ानी हैं। निश्चित समय सीमा या पूरी तरह दर्द समाप्त होने की गारंटी देना उचित नहीं है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. अस्पताल में कितने दिन रहना पड़ता है? यह सर्जरी और स्वास्थ्य पर निर्भर करता है। अपनी टीम से अपेक्षित अवधि और छुट्टी की योजना पूछें।
2. पूरी तरह ठीक होने में कितना समय लगता है? स्वस्थ होने की गति व्यक्ति के अनुसार बदलती है। सामान्य गतिविधियों और अधिक ताकत लौटने में अलग-अलग समय लग सकता है।
3. क्या फिजियोथेरेपी ज़रूरी है? आमतौर पर सर्जरी के बाद चलने, जोड़ की गति और मांसपेशियों की ताकत के लिए चिकित्सकीय टीम अभ्यास योजना देती है। अपनी योजना का पालन करें।